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Participatory Group Study (Hindi)

सह-भागिता के आधार पर  सामूहिक अध्ययन

व्यक्तिगत और सामाजिक परिवर्तन के लिए सहयोगात्मक अध्ययन !

Baha'is of India | Baha'i Faith | Participatory Group Studyभारत में आज हजारों लोग एक ऐसे वातावरण में,  जो कि गंभीर और उत्थान की ओर जाता है, ईश्वरीय शब्दों , जो कि एक पुनर्योजी शक्ति से संपन्न है,  के एक व्यवस्थित अध्ययन में लगे हुए हैं.  वे इसे, कार्य , समीक्षा तथा परामर्श , जिससे कि वे अंतर्दृष्टि पाते हैं, के द्वारा अपनी क्षमता के अनुसार समाज की सेवा कर उसे नयी ऊँचाई के स्तर पर ले जाने का प्रयास करते हैं.

बहाई प्रशिक्षण संसथान के ये पाठ्यक्रम ऐसे लोगों के व्यक्तिगत आध्यात्मिक सशक्तिकरण के लिए अनुकूल हैं , जो सक्रिय रूप से स्वयं अध्ययन करते हुए , प्राप्त ज्ञान को व्यक्तिगत व सामूहिक रूपांतरण में  लगाने को बढ़ावा देने वालें हो.

बहाउल्लाह की लेखनी के केंद्र में व्यक्तिगत और सामूहिक दोनों के रूपांतरण की शक्ति है.  व्यक्तिगत रूपांतरण की प्रक्रिया एक ऐसी प्रक्रिया नहीं है , जो कि सिर्फ किसी एक की आत्म- संतुष्टि के लिए हो . बहाई विचारधारा के अनुसार व्यक्ति का विकास और प्राप्तियां व्यक्ति द्वारा मानवता के लिए किये गए कार्यों तथा समाज और वृहद समुदायों के लिए किये गए सेवा के  कार्यों से जुडी हुई हैं.

 

प्रार्थना और ध्यान व्यक्ति की आध्यात्मिक चुनौतियों के लिए सहायक हैं, आध्यात्मिक नियमों और शिक्षाओं के अनुसार जीवन व्यतीत करना, जीवन जीने के उद्देश्य के महत्वपूर्ण अंग हैं, परन्तु ये सभी अपने रूपांतरण के पूर्ण प्रभावी रूप को तभी प्राप्त होते हैं जब ये "सेवा " को समर्पित हों. इस प्रकार बहाई सक्रिय रूप से ज्ञान , कौशल और आध्यात्मिक अंतर्दृष्टि को बढाने में लगे हुए हैं जो लोगों को सक्रिय मानव संसाधन और परिवर्तन के कार्यकर्ता के रूप में सक्षम कर सकें.

यह व्यक्तिगत और सामजिक रूपान्त  को एकीकृत करना अत्यंत महत्त्वपूर्ण है . वर्तमान बहाईयों द्वारा पूरे भारत में इस प्रकार की सामूहिक सीख "अध्ययन -वृत्त कक्षा " का रूप ले रही है जो कि एक स्थानीय , सहयोगी, आत्म-निर्देशित सीखने कि प्रक्रिया है . एन कक्षाओं में किसी भी धर्म, सोच, और विश्वास वाले लोग आमंत्रित हैं.

इन पाठ्यक्रमों में भाग लेने वाले प्रतिभागियों  को अपने आप को व्यक्त करने और अपनी जरूरतों तथा आशाओं को व्यक्त करने का आत्मविश्वास मिलता है , वे अपनी जीवन शैली में सेवा जैसे घटक शामिल करने का प्रयास करते हैं. वे अपने आप को कई प्रकार की सेवा गतिविधियों से जोड़ते है जैसे कि , भक्तिपूर्ण प्रार्थना सभाओं का आयोजन करना, जो कि विभिन्न धर्मों और विश्वासियों के बीच प्रेम और सौहार्द का बंधन मजबूत करता है , किशोरों और बच्चों के सशक्तिकरण के लिए आध्यात्मिक कक्षाओं का सञ्चालन, साथ ही युवाओं और वयस्कों के लिए कक्षाओं का आयोजन . ये कक्षाएं एक नई सभ्यता के निर्माण में योगदान देती हैं .